(संवाद एक्सप्रेस)बलरामपुर। जिले के वाड्रफनगर जनपद पंचायत में वर्ष 2013-14 के दौरान शासकीय राशि के गबन और कूटरचित दस्तावेज तैयार कर लाखों रुपये की हेराफेरी के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तत्कालीन मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) श्रवण मरकाम को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे और पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई थी। मामला वाड्रफनगर पुलिस चौकी क्षेत्र का है।
वर्षों पुराना मामला, जांच में खुला गबन का खेल
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, वर्ष 2013-14 में श्रवण मरकाम वाड्रफनगर जनपद पंचायत में CEO के पद पर पदस्थ थे। इसी दौरान विभिन्न विकास कार्यों और योजनाओं के नाम पर शासकीय राशि आहरित की गई, लेकिन जांच में सामने आया कि संबंधित दस्तावेजों में अनियमितता बरती गई। आरोप है कि कूटरचित दस्तावेज तैयार कर शासकीय धन का दुरुपयोग किया गया।
प्राथमिक जांच में वित्तीय अनियमितता के प्रमाण मिलने के बाद मामले की विस्तृत जांच कराई गई। जांच के दौरान गबन की पुष्टि होने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज किया गया था। उसी क्रम में श्रवण मरकाम के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की गई।
लंबे समय से थे फरार, आखिरकार गिरफ्त में आए
प्रकरण दर्ज होने के बाद से ही आरोपी फरार चल रहे थे। पुलिस लगातार उनकी तलाश कर रही थी। तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से पुलिस ने आखिरकार उन्हें गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
पहले भी चार आरोपी जा चुके हैं जेल
इस बहुचर्चित मामले में पूर्व में चार अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। जांच एजेंसियों का मानना है कि गबन की इस पूरी प्रक्रिया में कई लोग शामिल थे। पुलिस अब शेष संलिप्त आरोपियों की तलाश में जुटी है और जल्द ही अन्य गिरफ्तारियों की संभावना जताई जा रही है।
अन्य पहलुओं की भी हो रही जांच
वाड्रफनगर पुलिस के अनुसार, मामले की जांच अभी जारी है। शासकीय धन के दुरुपयोग से जुड़े अन्य पहलुओं की भी बारीकी से जांच की जा रही है। यह भी देखा जा रहा है कि किन-किन योजनाओं में अनियमितता बरती गई और कुल कितनी राशि का गबन हुआ। संबंधित दस्तावेजों और वित्तीय लेन-देन का परीक्षण किया जा रहा है।
प्रशासनिक हलकों में हड़कंप
तत्कालीन CEO की गिरफ्तारी से प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया है। वर्षों पुराने इस मामले में अब तेजी से कार्रवाई होने से अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों में भी सतर्कता बढ़ गई है। यह कार्रवाई शासकीय धन के दुरुपयोग के मामलों में सख्त रुख का संकेत मानी जा रही है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है और जांच पूरी होने के बाद और भी अहम खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

Satyanarayan Vishwakarma serves as the Chief Editor of Samwad Express, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering topics such as local and regional developments







