(संवाद एक्सप्रेस)गरियाबंद। जिले में पिछले 18 घंटे से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। पैंटोरा नाले में तेज बहाव के कारण गरियाबंद-राजिम नेशनल हाईवे पूरी तरह बंद हो गया है। वहीं मोहरा पुल के आगे टर्निंग मोड़ पर एक विशाल पेड़ गिर जाने से आवागमन पूरी तरह बाधित हो गया है। हाईवे बंद होने के कारण दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गई हैं और सैकड़ों यात्री घंटों से रास्ता खुलने का इंतजार कर रहे हैं।

ग्रामीणों के अनुसार हाईवे बंद होने की वजह से बारूका गांव में करीब 300 राहगीर बुधवार दोपहर से फंसे हुए हैं। इनमें महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल हैं। कई यात्रियों ने अपने वाहनों में ही रात बिताई, जबकि कुछ लोगों ने गांव में शरण लेकर समय गुजारा।
मौके पर पुलिस और प्रशासन की टीमें दोनों ओर तैनात हैं और लोगों को उफनते नाले या पुल पार करने से रोक रही हैं। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा नहीं करने और जलस्तर कम होने तक सुरक्षित स्थानों पर ही रुकने की अपील की है।

जानकारी के अनुसार शिकासेर जलाशय से लगभग 35,000 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है, जबकि सोढ़हूल नदी भी पूरे उफान पर बह रही है। देर रात तक हुई लगातार बारिश के कारण जिले के कई नदी-नाले और संपर्क मार्ग जलमग्न हो गए हैं, जिससे कई ग्रामीण क्षेत्रों का संपर्क भी प्रभावित हुआ है।
हालांकि कुछ वाहन चालक पांडुका–चारोधाम चौक–जतमई–छुरा मार्ग का उपयोग करते हुए गरियाबंद पहुंचने में सफल हुए हैं, लेकिन यह वैकल्पिक मार्ग भी मौसम पर निर्भर है और प्रशासन ने केवल अत्यंत आवश्यक होने पर ही यात्रा करने की सलाह दी है।
फिलहाल गरियाबंद-राजिम नेशनल हाईवे पूरी तरह बंद है। प्रशासन का कहना है कि जलस्तर घटने और सड़क से गिरे पेड़ को हटाने के बाद ही यातायात बहाल किया जाएगा। लगातार जारी बारिश को देखते हुए स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है।

Satyanarayan Vishwakarma serves as the Chief Editor of Samwad Express, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering topics such as local and regional developments

















