गरियाबंद। फिंगेश्वर विकासखंड के रवेली गांव का रहने वाला 13 वर्षीय मनोज विश्वकर्मा पिछले कई सालों से शासन की योजनाओं का लाभ पाने के इंतजार में है। 90 फ़ीसदी दिव्यांग होने के बावजूद आज तक उसे किसी भी प्रकार की सरकारी सहायता नहीं मिल पाई है।
मनोज जन्म से ही गंभीर रूप से दिव्यांग है। वह न तो ठीक से चल-फिर पाता है, न ही हाथों पर काबू है और न ही बोल पाता है। बावजूद इसके वह सातवीं कक्षा में पढ़ाई कर भविष्य की राह तलाश रहा है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से आने वाला मनोज अपनी पढ़ाई जारी रखने के लिए संघर्ष कर रहा है।

मनोज के पिता का कहना है कि उन्होंने कई बार शासन-प्रशासन से मदद की गुहार लगाई, लेकिन अब तक कोई सुनवाई नहीं हुई। गरीब परिवार का कहना है कि अगर शासन से योजना का लाभ मिले तो मनोज की पढ़ाई और जीवन दोनों को सहारा मिल सकता है।
ग्रामीणों का भी कहना है कि शासन को ऐसे दिव्यांग बच्चों के लिए विशेष ध्यान देना चाहिए, ताकि वे भी समाज में आत्मनिर्भर बन सकें।
अब जरूरत है कि जिला प्रशासन और शासन-प्रशासनिक अधिकारी इस मामले पर संज्ञान लें और दिव्यांग मनोज को शासन की योजनाओं का लाभ दिलाकर उसके जीवन को संवारने में मदद करें।

Satyanarayan Vishwakarma serves as the Chief Editor of Samwad Express, a Hindi-language news outlet. He is credited as the author of articles covering topics such as local and regional developments

















